
एनआईए
– फोटो : पीटीआई
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नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) की टीम ने शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे एक महिला किसान नेता व तीन वकीलों के घर पर रेड की। बठिंडा के रामपुरा फूल में महिला किसान नेता सुखविंदर कौर के सराभा नगर स्थित घर में रेड की गई। वह भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी की प्रदेश महासचिव हैं और रेड के वक्त शंभू बॉर्डर पर किसान आंदोलन में थीं।
एनआईए की टीम ने करीब छह घंटे तक घर का चप्पा-चप्पा छान मारा और वहां से कुछ दस्तावेज, साहित्य सामग्री, सुखविंदर के पति हरभिंदर जलाल का मोबाइल फोन व कुछ पेन ड्राइव जब्त कर साथ ले गई। इस दौरान घर में मौजूद लोगों से टीम ने पूछताछ भी की। रेड से खफा किसानों ने विरोध जताया जिस कारण एनआईए की टीम दो घंटे किसान नेता के घर में बंद रही।
जानकारी के अनुसार किसी पुराने मामले में एनआईए की टीम सर्च वारंट लेकर सुखविंदर कौर के घर पहुंची थी। घर में उनके पति हरभिंदर जलाल, बुजुर्ग सास व अन्य लोग मौजूद थे। बाहर के किसी भी व्यक्ति को घर में घुसने नहीं दिया गया। टीम ने घर को पूरी तरह से खंगाला।
बताया जा रहा है कि सुखविंदर के पति हरभिंदर जलाल वामपंथी लहर से जुड़े होने के कारण वामपंथी साहित्य लिखते हैं। वर्ष 2011 में उनके खिलाफ यूएपीए के तहत मामला दर्ज हुआ था। एनआईए ने रेड के दौरान साहित्य से जुड़ी कुछ सामग्री भी जब्त की है।
सुखविंदर के घर रेड की खबर मिलते ही किसान यूनियन के जिलाध्याक्ष पुरुषोत्तम मेहराज की अगुआई में जत्थेबंदियां उनके घर के बाहर पहुंच गई और रेड का विरोध करते हुए नारेबाजी शुरू कर दी। उन्होंने घर को घेर लिया और धरने पर बैठ गए। मेहराज ने केंद्र और राज्य सरकार पर लोगों की आवाज उठाने वालों को बेवजह परेशान करने के आरोप लगाए। स्थिति बिगड़ती देख एनआईए की टीम ने स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना दी। एसपी नरिंदर सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और उन्होंने किसानों को कानूनी प्रक्रिया का हवाला देकर शांत करवाया। एनआईए की टीम को करीब दो घंटे के हाउस अरेस्ट के बाद दोपहर करीब 11 बजे बाहर निकलने में मदद की। टीम अपने साथ कुछ जरूरी दस्तावेज ले गई।
लखनऊ के एक मामले में कार्रवाई
एनआईए टीम के जाने के बाद हरभिंदर जलाल ने बताया कि लखनऊ के एक मामले में जिक्र आने के बाद अदालत से सर्च वारंट के आधार पर एनआईए ने उनके घर दबिश दी। हरभिंदर ने कहा वर्ष 2011 में उनके खिलाफ दायर किए गए मामले में वे बरी हो चुके हैं और हथियार रखने के मामले में वे जमानत पर हैं। अब सरकार उन्हें एक अन्य मामले में उलझाकर किसान और अन्य आंदोलनों को दबाना चाहती है।
तीन वकीलों के ठिकानों पर भी छापे
एनआईए ने किसान नेता के साथ ही पंजाब में तीन वकीलों के बठिंडा शहर, पटियाला, राजपुरा, मोहाली और लुधियाना में अलग-अलग पांच ठिकानों पर भी रेड की गई। यहां से एनआईए को कुछ विदेशी दस्तावेज बरामद हुए हैं, जिसकी जांच कर अगली कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल एनआईए छापे के दौरान बरामद सामग्री को जांच के लिए साथ ले गई है।



























