{“_id”:”67ddccd68a459328360651f2″,”slug”:”if-the-gentleman-agrees-then-he-will-start-crying-chandigarh-news-c-16-pkl1091-662985-2025-03-22″,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”Chandigarh News: सज्जन राजी हो जवे, फेर वी ओ रौला नियो पाइदा…”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}
संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़
Updated Sat, 22 Mar 2025 02:02 AM IST

चंडीगढ़। सज्जन राजी हो जवे, फेर वी ओ रौला नियो पाइदा…जैसे ही ये गीत सूफी गायक डॉ. सतिंदर सरताज ने पेश किया तो विद्यार्थी झूम उठे। माैका था सेक्टर-32 के एसडी कॉलेज के वार्षिक सांस्कृतिक महोत्सव विरासत-25 का। इसमें गायक सतिंदर सरताज ने लाइव प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में उन्होंने साईं वे, मासूमियत, हीरीए फकीरिये, तितली सहित एक से बढ़कर एक गीत पेश किए। इस दाैरान उन्होंने चिमटा, डफली सहित कई वाद्ययंत्र बजाकर समा बांध दिया।
शुक्रवार को आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रशासक गुलाबचंद कटारिया पहुंचे। उनके साथ प्रधान सचिव वीपी सिंह, कॉलेज सोसाइटी के महासचिव प्रो. अनिरुद्ध जोशी, वित्त सचिव जितेंद्र भाटिया, सचिव पीके बजाज और प्रिंसिपल डॉ. अजय शर्मा भी उपस्थित रहे।
इस दौरान अनिरुद्ध जोशी ने कॉलेज के पिछले वर्षों में की गई उल्लेखनीय प्रगति पर प्रकाश डाला। उन्होंने नशीली दवाओं के दुरुपयोग से निपटने के लिए राज्यपाल की पहल की सराहना की। प्रशासक ने कहा कि जब शिक्षा बेहतर होती है तो पूरा देश प्रगति करता है। उन्होंने कहा कि छात्रों को नशे से दूर रखना और सही दिशा देना ही राष्ट्र के भविष्य को बदलने की कुंजी है।
मिष्ठी बनीं मिस और अर्पित मिस्टर विरासत
कार्यक्रम के दौरान कई विद्यार्थियों की शानदार प्रस्तुतियां भी हुईं। छात्रों ने पूरे आत्मविश्वास के साथ कैटवॉक, स्टाइल और ग्रेस का प्रदर्शन किया। प्रतिष्ठित खिताबों के लिए प्रतिस्पर्धा की। मिस विरासत का ताज मिष्ठी को मिला, जबकि मिस्टर विरासत का खिताब अर्पित ने जीता। रंग-ए-विरासत का सम्मान श्रेया और निखिल को दिया गया। वहीं, भगवान कौर और अर्णव शर्मा को नूर-ए-अहसास के खिताब से सम्मानित नवाजा गया।



























