
वोटिंग
– फोटो : प्रतीकात्मक
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चंडीगढ़ आज लोकतंत्र का महापर्व मनाएगा। इस पर्व को और शानदार बनाने के लिए सभी को घरों से निकालकर मतदान करना चाहिए। चंडीगढ़ संसदीय सीट से इस बार कुल 19 प्रत्याशी मैदान में है। इस बार चढ़ता हुआ पारा और लू मतदाताओं का इम्तिहान लेगी। ऐसे में चंडीगढ़ियों को यह ठानना होगा कि लोकतंत्र का पर्व मनाना है और गर्मी को हराना है। अमर उजाला की मतदाताओं से अपील है कि आज गर्मी का बहाना न बनाएं। पारे से ज्यादा मतदान का जोश दिखाएं।
शहर के 614 बूथों पर शनिवार सुबह 7:00 बजे से मतदान शुरू होगा। इसमें 6,59,805 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे और अगले 5 साल के लिए शहर के सांसद का चुनाव करेंगे। मतदान को लेकर प्रशासन ने चौक चौबंद प्रबंध किए हैं। शुक्रवार शाम पोलिंग पार्टियों अपने-अपने केंद्रों पर पहुंच गए हैं। सेक्टर-26 के चंडीगढ़ कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग टेक्नोलॉजी (सीसीईटी) में शुक्रवार को सुबह 10:00 बजे से ही ईवीएम रेंडमाइजेशन का काम शुरू हो गया।
भीषण गर्मी में कर्मचारी चुनाव सामग्री का मिलान करते नजर आए। इस दौरान सबसे ज्यादा उत्साहित बीएलओ नजर आए, जो पिछले कई दिनों से घर-घर पर स्लिप पहुंचा रहे थे। सभी पोलिंग पार्टियों को ईवीएम आवंटित किए गए और फिर वह मतदान केंद्रों के लिए रवाना हो गए। कर्मचारियों की उपस्थिति दर्ज करने के लिए अलग से काउंटर लगे थे। साथ ही पुलिस ड्यूटी और वाहनों के लिए भी अलग-अलग स्टॉल लगाए गए थे। मौके का जायजा लेने के लिए चुनाव आयोग की तरफ से भेजे गए ऑब्जर्वर समेत निर्वाचन विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी भी पहुंचे।
तैनात रहेंगे 4000 पुलिसकर्मी, चप्पे-चप्पे पर होगी नजर
सुरक्षा के मद्देनजर चंडीगढ़ में कुल 16 डीएसपी, 16 एसएचओ, 29 इंस्पेक्टर, 14 आई/सी पीपी और सीएपीएफ सहित 4000 पुलिस अधिकारियों को सभी प्रकार की ड्यूटी यानी मतदान केंद्र, अंतर-राज्यीय सीमा नाकों व वरिष्ठ अधिकारियों और जीओ के साथ रिजर्व के लिए तैनात किया गया है। कुल 56 रिजर्व और 32 गश्ती दल गठित किए गए हैं जिसमें 5 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के साथ, 16 डीएसपी के साथ, 16 एसएचओ के साथ, 14 आई/सी पीपी के साथ, 5 कानून एवं व्यवस्था और 16 पुलिस स्टेशनों में 32 गश्ती दल बनाए गए है। इसके अलावा 357 ट्रैफिक पुलिस कर्मचारियों को भी विभिन्न जगहों पर ट्रैफिक के अलावा सुरक्षा व्यवस्था के लिए तैनात किया गया है।
58 बूथों पर रेड कार्पेट से होगा स्वागत, 15 बूथ संभालेंगे सिर्फ दिव्यांग-महिला और यूथ
इस बार 58 मतदान केंद्रों पर मतदाताओं का रेड कार्पेट से स्वागत होगा। उनके लिए खास व्यवस्था की जाएगी। इंतजार करने के लिए हॉल की भी व्यवस्था होगी। साथ ही मतदाताओं की मदद के लिए एनएसएस के वालंटियर्स भी तैनात रहेंगे। इस बार 5 ऐसे मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां तैनात सभी अधिकारी और कर्मचारी दिव्यांग होंगे। यहां प्रिसाइडिंग ऑफिसर से लेकर पीएन, पी-टू और पी-थ्री मतदान कर्मी दिव्यांग होंगे। इसी तरह 5 बूथ महिलाओं द्वारा संचालित और 5 बूथ ऐसे बनाए जाएंगे, जिसे यूथ बूथ कहा जाएगा। यहां तैनात सभी अधिकारी और कर्मचारी 30 साल से कम उम्र के होंगे।
यहां आपको मिलेगी रॉक गार्डन-एयरफोर्स हेरिटेज म्यूजियम की झलक
मतदान प्रतिशत बढ़ाने के लिए पहली बार शहर में 5 मतदान केंद्र थीम आधारित बनाए गए हैं। इन पांचों मतदान केंद्रों पर चंडीगढ़ के हेरिटेज, रॉक गार्डन, वायुसेना विरासत केंद्र, राउंड अबाउट और गार्डन की झलक नजर आएगी। मोती राम आर्य सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सेक्टर-27ए बूथ को रॉक गार्डन, रिम्ट वर्ल्ड स्कूल, मनीमाजरा को चंडीगढ़- द सिटी ब्यूटीफुल, गवर्नमेंट मॉडल हाई स्कूल, सेक्टर-31सी को एयरफोर्स हेरिटेज म्यूजियम, गुरु नानक पब्लिक स्कूल, सेक्टर 36 को राउंड अबाउट और गार्डन और जिम्नेजियम हॉल, सीसीए, पेक, सेक्टर-12 को आर्किटेक्चरल हेरिटेज ऑफ चंडीगढ़ की थीम पर सजाया गया है।
घर बैठे पता चलेगा, मतदान केंद्र पर कितनी लंबी लाइन
चंडीगढ़ निर्वाचन आयोग ने चंडीगढ़ सीवीए मोबाइल एप बनाया है, जिससे मतदाता घर बैठे मोबाइल पर देख सकेंगे कि मतदान केंद्र पर कितनी लंबी लाइन है और अगर वो अभी जाएंगे तो उनका नंबर कितनी देर बाद आएगा। एप गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है। एप एक जून को सुबह सात बजे से एक्टिव हो जाएगा और शाम 6 बजे तक रहेगा। इस ऐप का उद्देश्य यह है कि गर्मी के दौरान लोग भीड़ को देखने के बाद अपनी सुविधा के अनुसार वोट देने के लिए निकलें।
उम्मीदवार पसंद नहीं तो नोटा
मतदाताओं को नोटा का विकल्प भी दिया जा रहा है। अगर, किसी मतदाता को कोई भी उम्मीदवार पसंद नहीं आता है तो वह नोटा का इस्तेमाल कर सकता है। नोटा यानी नन ऑफ द अबव।
कुल मतदाता – 6,59,805
पुरुष – 3,41,544
महिलाएं – 3,18,226
थर्ड जेंडर – 35
मतदान केंद्र – 614
संवेदनशील मतदान केंद्र – 139
मैदान में यह उम्मीदवार
नाम – दल
मनीष तिवारी – कांग्रेस
डॉ रितु सिंह- बहुजन समाज पार्टी
संजय टंडन – भारतीय जनता पार्टी
दीपांशु शर्मा – अखिल भारतीय परिवार पार्टी
राज प्रिंस सिंह – सुपर पावर इंडिया पार्टी
राजिंदर कौर – सैनिक समाज पार्टी
सुनील थमन – हरियाणा जन सेना पार्टी
किशोर कुमार – निर्दलीय
कुलदीप राय- निर्दलीय
पुष्पिंदर सिंह – निर्दलीय
प्रताप सिंह राणा – निर्दलीय
प्यार चंद – निर्दलीय
बलजीत सिंह – निर्दलीय
रनप्रीत सिंह – निर्दलीय
रविकांत मुनि – निर्दलीय
लखवीर सिंह – निर्दलीय
विनोद कुमार – निर्दलीय
विवेक शर्मा – निर्दलीय
सुनील कुमार – निर्दलीय



























