चंडीगढ़। नए आपराधिक कानून लागू होने के पहले एक साल में (1 जुलाई 2024–29 दिसंबर 2025) चंडीगढ़ पुलिस ने कानून व्यवस्था और न्याय प्रक्रिया में तेजी दिखाई है। इस अवधि में कुल 5156 मामले दर्ज किए गए जिनमें 2439 ई-एफआईआर शामिल हैं। पुलिस ने 4503 मामलों में चार्जशीट या फाइनल रिपोर्ट अदालत में पेश की जबकि अब तक 244 मामलों का फैसला हुआ जिनमें से 217 मामलों में दोषी पाए गए। नए कानूनों के तहत मामले निपटाने का औसत समय 300 दिन से घटकर 110 दिन रह गया।
इसमें जांच प्रक्रिया को ई-साक्ष्य एप, नयाय सेतु, ई-समन, मेडलीएपीआर, ई-प्रोसिक्यूशन और एनएएफआईएस जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म से मजबूत किया गया। ई-प्रोसिक्यूशन के माध्यम से 1645 चार्जशीट ऑनलाइन अभियोजन विभाग को भेजी गईं। सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने जैसे मामलों में दोषियों को जुर्माना और सामुदायिक सेवा (गोशाला/वृद्धाश्रम) का भी प्रावधान लागू किया गया।
274 मोबाइल सीईआईआर पोर्टल से बरामद
सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर (सीईआईआर) पोर्टल के जरिए पुलिस ने 274 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए। आईएमईआई नंबर के माध्यम से ट्रैक किए गए इन मोबाइलों की बरामदगी में दूरसंचार सेवा प्रदाताओं का सहयोग अहम रहा।
आपातकालीन प्रतिक्रिया में नया रिकॉर्ड बनाया
चंडीगढ़ पुलिस ने वर्ष 2025 में 112 आपातकालीन कॉल पर औसत 5.6 मिनट (5 मिनट 36 सेकंड) में प्रतिक्रिया देकर देश में नया रिकॉर्ड बनाया। इससे पहले 6.31 मिनट का रिकॉर्ड था। देश का औसत समय 18.61 मिनट है। रियल-टाइम डिस्पैच सिस्टम से घटनास्थल पर तेजी से पहुंचना संभव हुआ।



























