
किशनगढ़ मामला
– फोटो : संवाद
विस्तार
किशनगढ़ गांव में एक स्कूली छात्र के साथ एक सब इंस्पेक्टर द्वारा की गई मारपीट करने का मामला इतना बढ़ गया कि छात्र के परिवार के साथ फिर गांव वासियों पर जाम लगा विरोध प्रदर्शन किया। जब इस जाम को खुलवाने और लोगों को समझाने के लिए नोर्थ ईस्ट डिवीजन के डीएसपी पी-अभिनंदर मौके पर पहुंचे तो लोगों ने उनके साथ जोर जबरती करके उनका गिरबान पकड़े किया।
यह मामला देर रात तक लोगों और पुलिस के बीच फंसा हुआ था। क्योंकि पुलिस ने हल्का लाठी चार्ज करके जब लोगों को सड़क से हटाया तो इस दौरान पुलिस मौके से दो लोगों को गिरफ्तार किया था। जिसमें एक भजन सिंह माडू को लड़का और पंचकूला नगर निगम की वार्ड नंबर एक का पार्षद नरेंद्र लुभाना था। जिसको पुलिस मौके से पकड़ कर थाने ले आई थी।

जिसके बाद किशनगढ़ गांव के लोगों ने रात साढ़े आठ बजे आईटी पार्क थाना का घेराव कर लिया। देखते ही देखते वहीं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष तेजिंदर पाल मल्होत्रा, उपाध्यक्ष रामवीर भट्टी, जिला का इलेक्शन प्रभारी कंवर कबोज जिला प्रधान भूपिंदर सौनी, प्रदेश महामंत्ही हुकम चंद, पंचकूला के पार्षद के कई पार्षद आदि बड़े नेता भी पहुंच गए। मामला दरे तक तुल पकड़े हुए।
क्या था मामला
इस मामले में एक गांव का रहने वाला युवक समर अपने दोस्त आकाश के साथ एक्टिवा स्कूटर पर शाम साढ़े 6 बजे हलवाई की दुकान से समोसे ले गया था तो उस दौरान गांव में सब इंस्पेक्टर हरनेक सिंह पुलिस स्टाफ से पैट्रोलिंग कर रहा था। समर पुलिस को देकर डर गया और उसका एक्टिवा स्कूटर गिर गया। समर ने बताया इसी दौरान एसआई हरनेक सिंह ने उसके बाद आकर उसको बालों से पकड़ा और उसके 10-12 थप्पड़ मार दिए।
समर ने बताया कि यही नहीं वह उसके बालों से पकड़ कर अपनी दूरी खड़ी गाड़ी तक खींच कर ले गए। जिसकी सूचना मिलते हुए समर के पिता गांव में पूर्व पंच और मार्केट कमेटी के दो बार डायरेक्टर रहे गुरबक्श सिंह काला भी मौके पर पहुंच गए तो उसनके अपने बेटे के साथ हुइ्र मारपीट का विरोध जताया। गुरबक्श सिंह काला ने बताया कि उनके बेटों को पुलिस ने डंडों से साथ खूब मारा है। जिसके समर की पीठ पर निशान भी है।
गुरबक्श सिंह काला का कहना कि पुलिस को एक्टिवा इंपोड करनी थी तो कर लेते इस तरह से उनके 17 साल के बच्चे को बेरहमी से मारने का पुलिस को कोई अधिकारी नहीं है। वहीं समर ने बताया कि वह बारहवीं में पढ़ता है और सोमवार को रिजल्ट आने के पास होने वह खुशी मनाना रहा था।
बच्चे की पिटाई की खबर सुनक विरोध में किश्नगढ़ के लोगों ने चौक पर जाम लगाकर नारेबाजी करने लगे। आईटी पार्क और पंचकूला जाने वालों की लंबी कतार लग गई और डीएसपी पी अभिनंदन मौके पर फोर्स के साथ पहुंचे। उन्होंने लोगों को समझाया तो लोगों ने उल्टा उनका गिरेबान पकड़ लिया।
पुलिस ने जाम खुलवाने क लिए लाठीचार्ज कर गांव के लोगों को खदेड़ दिया। आईटी पार्क थाना पुलिस ने मौके से पंचकूला वार्ड नं एक के पार्षद नरेंद्र लुबाना समेत दो को हिरासत में लिया है। इसके अलावा पुलिस मुख्य आरोपी मार्केट कमेटी के पूर्व चेयरमैन भजन लुबाना उर्फ माडू, मार्केट कमेटी के पूर्व चेयरमैन कुलविंदर सिंह काला समेत अन्य लोगों भी मौके पर पहुंचे कर रही है। जिस दौरान पहले हुई भागदौड़ में भजन सिंह माडू सड़क पर गिर गया।
जिसकी सांस फुल जाने के बाद उसके परिवार के सदस्य उसके उठाकर मनीमाजरा अस्पताल ले गए। उसके बाद उसके छोटे भाई की डीएसपी के साथ हुई बहस में मामला हाथापाई तक पहुंच गया। जब पुलिस ने परिवार के लोगों को हिरसत ले लगी तो तक कुलविंदर सिंह ने की डीएसपी के साथ झपड़ में उसनेे डीएसपी का कोलर पड़क लिया। इसके डीएसपी गिरते गिरते बचे लेकिन उनका चश्मा आदि जमीन पर गिर गया था। जिसके बाद पुलिस ने फिर हलका लाठी चार्ज करके लोगों को सड़क से भगाया।
इससे पहले सड़क पर बैठे लोगों ने पुुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जाम की सूचना मिलते ही आईटी पार्क थाना प्रभारी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को काफी समझाया लेकिन गांव के लोगों नहीं माने।
इसके बाद पुलिस हरकत में आई और उन्होंने जाम लगाए बैठे लोगों पर लाठीचार्ज कर उन्हे खदेड़ दिया। लाठीचार्ज के बाद महिलाए और लोग किशनगढ़ गांव के अंदर गलियों में घुस गए। पुलिस ने गांव के अंदर घुसकर लोगों को उनके घरों तक खदेड़ दिया। इस दौरान पुलिस ने पंचकूला वार्ड नं एक के पार्षद नरेंद्र लुबाना समेत दो लोगों को हिरासत लेकर आईटी पार्क थाने ले गई। पुलिस जाम लगाने और पुलिसकर्मियों से हाथापाई करने वालों की देर रात तक पहचान करने में लगी हुई है।




























