तेल अवीवएक घंटा पहलेलेखक: वैभव पलनीटकर
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इजराइल-हमास की जंग का आज 15वां दिन है। इजराइल पर हमास और हिजबुल्लाह के बाद यमन के हूती विद्रोही भी हमले करने लगे हैं। इजराइली सेना ने अब तक गाजा में जमीनी कार्रवाई शुरू नहीं की है। इस बीच, अमेरिका से एक बड़ी खबर सामने आई है।
प्रेसिडेंट जो बाइडेन ने कांग्रेस से 105 अरब डॉलर का इमरजेंसी फंड रिलीज करने को कहा है। इनमें से 10.6 अरब डॉलर की मदद इजराइल को दी जाएगी। इसके अलावा 61.4 अरब डॉलर यूक्रेन को हथियार और दूसरे जरूरी सामान खरीदने के लिए दिए जाएंगे।
उधर, हमास ने कतर की मध्यस्थता के बाद 2 अमेरिकी नागरिकों को शुक्रवार रात रिहा कर दिया है। ये दोनों मां-बेटी जूडिथ और नताली हैं। जंग शुरू होने के 14 दिन बाद यह पहला मौका है जब किसी बंधक को छोड़ा गया है। हालांकि 200 लोग अब भी हमास के कब्जे में हैं।

इन दोनों के पास इजराइली नागरिकता भी है।
गाजा तक अब तक नहीं पहुंची मदद
गाजा और इजिप्ट की सीमा पर मौजूद राफा बॉर्डर क्रॉसिंग से शुक्रवार को भी राहत सामग्री से लदे ट्रक गाजा नहीं पहुंच सके। UN चीफ एंतोनियो गुटेरेस ने इस पर नाराजगी जताई। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक- अब तक यह तय नहीं हो पाया है कि इन ट्रकों की बॉर्डर पर जांच कौन करेगा। इसके अलावा अमेरिका और इजराइल की यह शर्त है कि मदद भेजने के पहले यह भी तय किया जाना चाहिए कि यह हमास के कब्जे में नहीं जाएगी।

अमेरिका और इजराइल की शर्त यह है कि मदद भेजने के पहले यह भी तय किया जाना चाहिए कि यह हमास के कब्जे में नहीं जाएगी।
इजराइल ने शमोना शहर भी खाली कराया
इजराइली सरकार ने उत्तरी शहर किरायत शमोना को खाली करा लिया है। यह लेबनान बॉर्डर से काफी करीब है। लेबनान से इजराइल पर लगातार रॉकेट और मिसाइल हमले हो रहे हैं। लिहाजा, नागरिकों को महफूज रखना जरूरी था।
एक इजराइली अफसर ने कहा- करीब दो किलोमीटर में रहने वाले 20 हजार लोगों को यहां से हटा दिया गया है। हिजबुल्लाह यहां हमले कर रहा है। हमारी फौज को जवाबी कार्रवाई करने के लिए यहां कुछ खास लोकेशन्स की भी जरूरत थी।

लेबनान बॉर्डर के करीब शमोना शहर को इजराइल ने खाली करा लिया है।
90 दिन तक बिना वीजा US जा सकेंगे इजराइली
बाइडेन एडमिनिस्ट्रेशन ने जंग के बीच इजराइली नागरिकों को नई सुविधा दी है। 90 दिन तक इजराइली नागरिक बिना वीजा के अमेरिका जा सकेंगे। पहले यह स्कीम 30 नवंबर को शुरू की जाने वाली थी। ‘न्यूयॉर्क टाइम्स’ के मुताबिक- इस कदम से उन इजराइलियों को काफी राहत मिलेगी जो जंग से परेशान होकर अमेरिका जाना चाहते हैं।
पिछले महीने अमेरिका के होमलैंड सिक्योरिटी एंड स्टेट डिपार्टमेंट ने 40 देशों के लोगों के लिए इस तरह के वीजा फ्री ट्रैवल को मंजूरी दी थी। इजराइलियों के लिए 30 नवंबर तारीख तय की गई थी। इस तारीख से ये ऑनलाइन अप्लाय कर सकते थे।

बाइडेन एडमिनिस्ट्रेशन ने इजराइली नागरिकों वीजा फ्री एंट्री देने का फैसला किया है। यह एंट्री 90 दिन के लिए है।
बाइडेन बोले- हमास-पुतिन अपने पड़ोसी लोकतंत्र को खत्म करना चाहते हैं
अमेरिका के रक्षा मंत्रालय ने बताया है कि लाल सागर में तैनात अमेरिकी वॉरशिप USS कार्नी ने 3 मिसाइलों को रोका है। पेंटागन ने बताया कि यमन से हूती विद्रोहियों ने 3 मिसाइलों और कई ड्रोन लॉन्च किए थे। ये यमन से उत्तर दिशा की तरफ बढ़ रहे थे, जिससे आशंका जताई गई कि हूती विद्रोही इजराइल पर हमला करने की फिराक में थे।
दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडेन ने गुरुवार रात को व्हाइट हाउस से देश को संबोधित किया। उन्होंने कहा- हमास और पुतिन में कॉमन बात ये है कि वो दोनों अपने पड़ोस में मौजूद लोकतंत्र को खत्म करना चाहते हैं।

गाजा के खान यूनिस पर गुरुवार को इजराइल के हमले के बाद मलबे के बीच से लोगों को रेस्क्यू किया गया।
बाइडेन बोले- अमेरिकी नागरिकों को निकालना हमारी प्राथमिकता
बाइडेन ने कहा कि अगर अमेरिका पीछे हट गया और हमलावर सफल हो गए, तो दूसरे लोग भी आगे चलकर ऐसी कोशिश कर सकते हैं, जिससे दुनिया के कई हिस्सों में संघर्ष का खतरा बढ़ जाएगा। बाइडेन ने कहा- हमास दुनिया में बुराई फैलाना चाहता है। इस वक्त मेरे लिए सबसे जरूरी काम बंधक बनाए गए अमेरिकी नागरिकों को आजाद करवाना है।
उन्होंने कहा- अमेरिकी लीडरशिप ने ही इस दुनिया को बांधे रखा है। अमेरिका के सहयोगी ही अमेरिका को सुरक्षित रखते हैं। अमेरिका वैल्यूज ही हमें एक ऐसा पार्टनर बनाती हैं, जिसके साथ पूरी दुनिया काम करना चाहती है। मैं संसद में इजराइल और यूक्रेन की मदद के लिए अपील करूंगा।

इजराइल-गाजा सीमा के पास तैनात सैनिकों से इजराइल के रक्षा मंत्री योव गैलेंट ने मुलाकात की।
रक्षा मंत्री बोले- सेना को जल्द देंगे गाजा में घुसने का आदेश
इजराइल के रक्षा मंत्री योव गैलेंट ने सैनिकों से कहा- हम जल्द ही आपको हमास के कब्जे वाले फिलिस्तीन में घुसने का आदेश देंगे। आप अभी गाजा को सिर्फ दूर से देख रहे हैं, पर जल्द ही आप इसे अंदर से देखेंगे।
दूसरी तरफ, PM नेतन्याहू ने गाजा बॉर्डर के पास तैनात गोलानी सैनिकों से मिलकर कहा- इजराइल जंग जीतने के रास्ते पर है। पूरा इजराइल सेना के साथ है और हम अपने दुश्मनों पर लगातार हमले करते रहेंगे जिससे हम जीत हासिल कर सकेंगे।

जंग के अहम अपडेट्स…
- न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक, वेस्ट बैंक में भी हिंसा शुरू हो गई है। पिछले 24 घंटे में 13 फिलिस्तीनियों और एक इजराइली की मौत हुई है।
- इजराइल में रूसी दूत का कहना है कि मॉस्को बंधकों को रिहा करने के लिए हमास के साथ बातचीत कर रहा है।
- इजराइली सेना ने वेस्ट बैंक शहर रामल्ला में एक ऑपरेशन में 14 फिलिस्तीनियों को गिरफ्तार किया है।
गाजा पर इजराइल के हमलों से जुड़ी तस्वीरें…

गाजा के खान यूनिस में अस्पताल में घायल बच्चों का इलाज किया जा रहा है।

गाजा में अपनों को खोने के बाद उनके शवों को आखिरी विदाई के लिए ले जाते फिलिस्तीनी।

खान यूनिस में इजराइल की एयरस्ट्राइक के बाद एक घर तबाह हो गया।

गाजा में लगातार हो रहे हमलों के बीच फिलिस्तीनियों ने एक स्कूल में पनाह ले रखी है।
इजराइल पर हमास के हमलों से जुड़ी तस्वीरें…

इजराइल के किबुत्ज में हमास के हमले के बाद एक बच्चे का कमरा खून से लथपथ नजर आया।

इजराइल के किबुत्ज बीरी में मारे गए लोगों को गुरुवार को अंतिम विदाई दी गई।

इस दीवार पर उन लोगों की तस्वीर लगाई गई, जिन्हें हमास ने इजराइल से अगवा कर लिया था।

तेल अवीव में 7 अक्टूबर को शुरू हुए हमास हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि दी गई।
ईरान पर नए प्रतिबंध
बाइडेन के इजराइल दौरे के बाद अमेरिका ने ईरान पर नए प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है। ये प्रतिबंध ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन प्रोग्राम पर लगाए जाएंगे। अमेरिका के विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने इसकी जानकारी दी है।
दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडेन ने इजराइल से लौटने के बाद इजिप्ट (मिस्र) के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी से चर्चा की। अल-सीसी ने मानवीय सहायता ले जाने वाले लगभग 20 ट्रकों को गाजा भेजने के लिए राफा बॉर्डर खोलने की इजाजत दे दी है।

गाजा को 100 मिलियन डॉलर की मानवीय मदद
अमेरिकी राष्ट्रपति बुधवार 18 अक्टूबर को इजराइल पहुंचे थे। उन्होंने तेल अवीव में इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, प्रेसिडेंट इसाक हर्जोग और वॉर कैबिनेट से मुलाकात की। वे यहां करीब 4 घंटे रहे। अमेरिका रवाना होने से पहले बाइडेन ने गाजा की मानवीय मदद के लिए 100 मिलियन डॉलर की मदद का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि इस बात का ध्यान रखा जाएगा कि यह सामान हमास के हाथों तक न पहुंच सके।

इजराइल की डिफेंस फोर्सेज की गाजा पर बमबारी जारी है। इजराइली सेना के मुताबिक उन्होंने गुरुवार को गाजा में रॉकेट लॉन्च साइट्स को तबाह किया है।
गाजा में जिंदा रहने के लिए संघर्ष कर रहे लोग
‘गल्फ न्यूज’ की रिपोर्ट के मुताबिक गाजा के लोग अब सिर्फ जिंदा बचने की कोशिश कर रहे हैं। ज्यादातर लोगों के पास घर नहीं बचे हैं, वो गलियों में रात गुजार रहे हैं। वाटर सप्लाई करीब-करीब बंद है। लोगों के पास न तो पैसे हैं और न ही बेकरीज और दुकानों में सामान ही है।

गाजा में बमुश्किल मदद पहुंच पा रही है। राहत सामग्री लाने वाले कई ट्रक भी बमबारी की चपेट में आ चुके हैं।
हेल्थ मिनिस्ट्री की अपील- एक लीटर डीजल भी है तो हॉस्पिटल को दें
फिलिस्तीन की हेल्थ मिनिस्ट्री ने मंगलवार रात आम लोगों के लिए अपील जारी की। कहा- अगर आपके पास एक लीटर डीजल भी है तो अस्पताल जाकर डोनेट कर दें। यहां जेनरेटर चलाने के लिए इसकी बेहद जरूरत है। हो सकता है आपकी मदद से किसी इंसान की जान बचाई जा सके।

गाजा के अस्पतालों में बिजली नहीं है। जेनरेटर चलाना भी मुश्किल है, क्योंकि डीजल नहीं है। अब लोगों से एक-एक लीटर डीजल देने की अपील की जा रही है।
गाजा के अस्पतालों में न दवाइयां न बिजली, 1 हजार बच्चों की मौत
‘न्यूयॉर्क टाइम्स’ के मुताबिक गाजा में इस वक्त 5 हजार महिलाएं प्रेग्नेंट हैं और इन्हें इलाज की जरूरत है। हॉस्पिटल और क्लिनिक्स में न तो दवाइयां बची हैं और न बिजली है। इनमें से कुछ तो पहले ही बमबारी में घायल हैं। UN ने भी इस रिपोर्ट की पुष्टि कर दी है।
ग्लोबल चैरिटी एजेंसी ‘सेव द चिल्ड्रन’ के मुताबिक जंग में अब तक 1 हजार फिलिस्तीनी बच्चे मारे जा चुके हैं। अगर अब भी कुछ नहीं किया गया तो हालात बद से बदतर हो जाएंगे।

गाजा इलाके में करीब 5 हजार महिलाएं प्रेग्नेंट हैं। दवाओं और इलाज की कमी के चलते न सिर्फ इन्हें, बल्कि होने वाले बच्चे को भी खतरा है।
अमेरिका अपने सैनिकों को इजराइल भेजेगा, ईरान ने धमकाया
अमेरिका अपने 11 हजार सैनिक इजराइल में तैनात कर सकता है। वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक ये सैनिक सीधे युद्ध नहीं लड़ेंगे, बल्कि इजराइल की सेनाओं को टेक्निकल और मेडिकल सपोर्ट देंगे। इस बीच अमेरिकी आर्मी के चीफ माइकल एरिक कुरिला भी इजराइल पहुंच चुके हैं। दूसरी तरफ ईरान ने इजराइल और उसका समर्थन करने वाले देशों को कड़ी चेतावनी दी है।
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह खुमैनी ने मंगलवार को कहा कि अगर इजराइल ने गाजा में बमबारी बंद नहीं की, तो दुनिया मुस्लिम फोर्सेज को रोक नहीं पाएगी।
हमास ने बताया- 250 नागरिक कैद में, विदेशियों को रिहा कर देंगे
हमास मिलिट्री के प्रवक्ता अबु ओबेदा ने कहा है कि उनकी कैद में 200 से 250 नागरिक हैं। इनमें से विदेशी नागरिक हमारे मेहमान हैं। हालात सुधरने पर हम इन्हें रिहा कर देंगे। ओबेदा ने ये भी कहा कि वो गाजा में इजराइल के बड़े जमीनी ऑपरेशन से डरते नही हैं। इजराइली सेना 10 हजार सैनिकों के साथ गाजा में जमीनी कार्रवाई की तैयारी कर रही है।

हमास ने बंधकों के फुटेज शेयर किए हैं, इसमें फ्रांस की महिला का इलाज किया जा रहा है।
गाजा के लोगों को पनाह नहीं देगा इजिप्ट
इजराइल गाजा से लोगों को निकालने पर आमादा है, लेकिन सवाल ये है कि यहां से निकाले जाने के बाद गाजा के लोग शरण कहां लेंगे। 15 अक्टूबर को इजिप्ट ने साफ कर दिया कि वो गाजा के लोगों को अपने सिनाई रेगिस्तान में रुकने की मंजूरी नहीं देगा।
रविवार को इजिप्ट सरकार की नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल की इमरजेंसी मीटिंग हुई थी। प्रेसिडेंट अब्देल फतेह अल सीसी ने इसकी अध्यक्षता की। मीटिंग के बाद जारी बयान में सीसी ने कहा था- हमारी सुरक्षा ही हमारी लक्ष्मण रेखा है और इस मामले में कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
इस बयान का मतलब साफ है कि गाजा के 20 लाख से ज्यादा लोगों को इजिप्ट अपने देश में नहीं आने देगा। पहले कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि इजिप्ट सिनाई इलाके में टेम्परेरी कैम्प लगाकर इन लोगों को रुकने की मंजूरी दे सकता है। अब UN के सामने सबसे बड़ी दिक्कत इन लोगों को शेल्टर देने की है, क्योंकि इजराइल किसी भी वक्त गाजा में जमीनी कार्रवाई शुरू कर सकता है।

हमास ने दावा किया था कि उसने 7 अक्टूबर को इजराइल पर 5 हजार रॉकेट दागे थे।
गाजा पर बड़े हमले से पहले हवाई दौरा
इजराइली एयरफोर्स ने ग्राउंड फोर्सेज को गाजा पट्टी पर बड़े हमले से पहले इलाके का हवाई दौरा कराया है। टाइम्स ऑफ इजराइल की रिपोर्ट के मुताबिक गाजा पट्टी पर हमले के लिए उन कमांडर्स को चुना गया है, जो पहले भी गाजा में तैनात रह चुके हैं।
दरअसल, 2005 से पहले गाजा पट्टी पर इजराइल का ही कब्जा था। इस इलाके को इजराइल ने 1967 की जंग के बाद जीता था। हालांकि, 2005 में ओस्लो संधि के बाद यहां से अपनी फौज को हटाकर, कब्जा भी छोड़ दिया था।

इजराइल के जमीनी हमले से पहले ही गाजा में 64 हजार से ज्यादा इमारतें तबाह हो गई हैं।
इजराइल-लेबनान बॉर्डर पर क्यों तैनात हैं 900 भारतीय जवान
इजराइल-हमास जंग का आज 12वां दिन है। भारत के 900 जवान इस वक्त लेबनान में इजराइल बॉर्डर के करीब तैनात हैं। ये वही जगह है जहां इजराइल हिजबुल्ला के ठिकानों पर गोले बरसा रहा है। इस जंग की वजह से दोनों ओर से चल रही गोलीबारी में यहां तैनात भारतीय सैनिकों पर भी खतरा मंडरा रहा है। पूरी खबर यहां पढ़ें…
निकी हेली बोली- मुस्लिम देश फिलिस्तीनियों को क्यों नहीं अपनाते
इजराइल-हमास जंग के बीच रिपब्लिकन पार्टी की तरफ से राष्ट्रपति पद की दावेदारी कर रही कैंडिडेट निकी हेली ने इस्लामिक देशों की आलोचना की है। निकी हेली ने पूछा है कि आखिर गाजा छोड़ रहे फिलिस्तीनियों को मुस्लिम देश पनाह क्यों नहीं दे रहे हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें…
‘अल-अक्सा फ्लड’ के खिलाफ इजराइल का ऑपरेशन ‘सोर्ड्स ऑफ आयरन’
हमास ने इजराइल के खिलाफ अपने ऑपरेशन को ‘अल-अक्सा फ्लड’ नाम दिया है। इसके जवाब में इजराइल की सेना ने हमास के खिलाफ ‘सोर्ड्स ऑफ आयरन’ ऑपरेशन शुरू किया।
हमास के सैन्य कमांडर मोहम्मद दीफ ने कहा था- ये हमला यरुशलम में अल-अक्सा मस्जिद को इजराइल की तरफ से अपवित्र करने का बदला है। दरअसल, इजराइली पुलिस ने अप्रैल 2023 में अल-अक्सा मस्जिद में ग्रेनेड फेंके थे।
वहीं, हमास के प्रवक्ता गाजी हामद ने अल जजीरा से कहा था- ये कार्रवाई उन अरब देशों को हमारा जवाब है, जो इजराइल के साथ करीबी बढ़ा रहे हैं। हाल ही के दिनों में मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि अमेरिका की पहल पर सऊदी अरब इजराइल को देश के तौर पर मान्यता दे सकता है।

इजराइल और फिलिस्तीन के बीच क्यों है विवाद
मिडिल ईस्ट के इस इलाके में यह संघर्ष कम से कम 100 साल से चला आ रहा है। यहां वेस्ट बैंक, गाजा पट्टी और गोलन हाइट्स जैसे इलाकों पर विवाद है। फिलिस्तीन इन इलाकों समेत पूर्वी यरुशलम पर दावा जताता है। वहीं, इजराइल यरुशलम से अपना दावा छोड़ने को राजी नहीं है।
गाजा पट्टी इजराइल और मिस्र के बीच में है। यहां फिलहाल हमास का कब्जा है। ये इजराइल विरोधी समूह है। सितंबर 2005 में इजराइल ने गाजा पट्टी से अपनी सेना वापस बुला ली थी। 2007 में इजराइल ने इस इलाके पर कई प्रतिबंध लगा दिए। फिलिस्तीन का कहना है कि वेस्ट बैंक और गाजा पट्टी में स्वतंत्र फिलिस्तीन राष्ट्र की स्थापना हो।

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अल-अक्सा मस्जिद में इजराइली पुलिस ने नमाजियों को गिरफ्तार किया; हमास ने कहा- कीमत चुकानी पड़ेगी

इजराइल में यरुशलम के अल-अक्सा मस्जिद में पुलिस और फिलिस्तीनियों की बीच झड़प हो गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई लोगों को गिरफ्तार किया और उन पर पवित्र मस्जिद को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया। पुलिस के मुताबिक, कुछ फिलिस्तीनियों ने खुद को पटाखों, लाठी और पत्थरों के साथ मस्जिद में बंद कर लिया था और बाहर बैरिकेडिंग लगा दी थी। पढ़ें पूरी खबर…


























