त्योहारों के बीच पाकिस्तान से हेरोइन व हथियारों की तस्करी बढ़ गई है। दो साल के अंदर सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने 450 ड्रोन पकड़े हैं। नशीले पदार्थों के साथ विस्फोटक व हथियार भी पकड़े जा रहे हैं। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की रिपोर्ट के मुताबिक तस्करी में अब ड्रोन का इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है। प्रदेश के चार जिले तस्करों के निशाने पर हैं जहां तस्करी के सबसे अधिक मामले आ रहे हैं।
बीएसएफ के अनुसार वर्ष 2025 में 13 अक्तूबर तक पाकिस्तान की ओर से तस्करी में इस्तेमाल 200 ड्रोन बरामद किए हैं। इस दौरान 287 किलोग्राम हेरोइन, 174 हथियार, 12 हैंड ग्रेनेड और 10 किलोग्राम से अधिक विस्फोटक जब्त किया गया। इस बीच 5 पाकिस्तानी घुसपैठियों को मार गिराया गया और 203 भारतीय तस्करों और सीमा पार अपराधों में शामिल 16 पाकिस्तानी नागरिकों को गिरफ्तार किया गया।
वर्ष 2024 में बीएसएफ ने 250 ड्रोन जब्त किए थे। ड्रोन से बढ़ती तस्करी का इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि नवंबर 2024 में मात्र 21 दिन के अंदर ही बीएसएफ ने 50 ड्रोन जब्त किए थे।
ड्रोन के बढ़ते प्रचलन के कारण बीएसएफ, एनसीबी के साथ ही सुरक्षा एजेंसियां भी अलर्ट हो गई है क्योंकि ड्रोन से ही पाक आतंकी व तस्कर भारी मात्रा में हथियार पंजाब भेज रहे हैं। हर दूसरे दिन ड्रोन तस्करी का मामला सामने आ जाता है। 15 अक्तूबर को बीएसएफ ने फिरोजपुर व अमृतसर में ड्रोन के जरिये हथियार और 17 अक्तूबर को नशीले पदार्थों की तस्करी को नाकाम कर दिया।
सीमा पार से पंजाब, राजस्थान और जम्मू-कश्मीर में वर्ष 2023 के दौरान ड्रोन से नशा तस्करी के 28 केस थे जो करीब छह गुना बढ़कर वर्ष 2024 में 179 हो गए। 2022 में ड्रोन से तस्करी के 35 मामले सामने आए थे और वर्ष 2021 में मात्र तीन केस ही रजिस्टर हुए थे। अगर बीते चार साल की बात करें तो यह बढ़ोतरी करीब 90 गुना है।
एके-47, एके-56 राइफल व आरडीएक्स
एनसीबी रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2024 में पंजाब में सबसे अधिक 163 केस सामने आए जिनमें 187 किलोग्राम हेरोइन पकड़ी गई है जबकि 5.39 किलो मेथामफेटामाइन और 4.22 किलो अफीम जब्त की गई। तस्करी से पंजाब सीमा सबसे अधिक प्रभावित रही है जहां राज्य या केंद्रीय एजेंसियों की ओर से ड्रग्स, जाली नोट, हथियारों और गोला-बारूद की बरामदगी की गई। इसमें भारी मात्रा में हेरोइन, अफीम, चरस और अन्य ड्रग्स शामिल हैं। पंजाब के सीमावर्ती क्षेत्रों में बीते एक माह में तीन बार एके-47, 56 राइफल, आरडीएक्स, विदेशी निर्मित राइफलें और जाली नोट भी जब्त किए गए हैं।
एंट्री ड्रोन सिस्टम कर रहा नाकाम
पंजाब ड्रोन से नशीले पदार्थों व हथियारों की तस्करी से कदर प्रभावित है कि राज्य सरकार को बॉर्डर पर एंटी ड्रोन सिस्टम लगाना पड़ा है। सरकार ने 51.41 करोड़ रुपये की लागत से 9 अत्याधुनिक एंटी-ड्रोन सिस्टम खरीदे हैं। ये सिस्टम न केवल ड्रोन और उसके कंट्रोल स्टेशन की सटीक लोकेशन का पता लगाने में सक्षम हैं, बल्कि रियल-टाइम मैप पर अलर्ट और खतरे की स्वचालित चेतावनी देने की क्षमता भी रखते हैं। इस तकनीक को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए सीमावर्ती जिलों के 50 पुलिसकर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है।




























