मनीमाजरा। सरकारी स्कूलों के बाहर छात्रों के झगड़े बढ़ गए है। कुछ स्कूली छात्रों के बाहर के दोस्त आकर पढ़ने वाले बच्चों के साथ मारपीट कर रहे हैं। डर के चलते कुछ छात्र स्कूल आने से डरने लगे हैं। ऐसे ही एक मामले में मनीमाजरा का 9वीं कक्षा का छात्र एक सप्ताह से स्कूल नहीं गया। घर से स्कूल के लिए निकलता था, लेकिन शिवालिक गार्डन आदि में समय बिताकर घर लौट जाता था। इस बच्चे को शिवालिक गार्डन स्कूल के समय के दौरान उसके चाचा ने पकड़ा।
रोमी नामक यह छात्र 9वीं कक्षा में पढ़ता है। उसकी स्कूल के ही लड़के से पिछले एक साल से लड़ाई चल रही थी। रोमी के ताऊ राजकुमार सैनी ने बताया कि रोमी अक्सर स्कूल जाने से कतराता रहता था। जब घरवालों ने पता लगाया तो जानकारी हुई कि रोमी की स्कूल किसी लड़के के साथ अनबन चल रही।
रोमी ने बताया कि लड़का हर बार उसे मारता है। उस लड़के का ग्रुप बना हुआ है, वे सिर पर कपड़ा डाल देते हैं फिर सभी लातों से मारते हैं। फिर उसी की गलती निकलवा देते है। रोमी ने बताया कि लड़के ने उसे जान से मारने की धमकी दी है। इस डर से रोमी स्कूल नहीं जा रहा है।
राज कुमार सैनी ने बताया कि ऐसा ही एक झगड़ा शुक्रवार को मनीमाजरा के हाई स्कूल के बाहर हुआ। जिसमें कक्षा 7 के कार्तिक और प्रदीप नाम के लड़कों के बीच लड़ाई हुई। एक ने दूसरे के सिर में पत्थर मार दिया। एक और मामले में पुलिस भी आई, लेकिन स्कूल प्रबंधन ने इस मामले में भी समझौता करवा दिया।
राज कुमार सैनी, समाजसेवी मंहत रामेश्वर गिरि का कहना कि सभी माता पिता अपने बच्चों को स्कूलों में शिक्षा ग्रहण करने के इरादे से भेजते हैं। लेकिन बच्चे स्कूलों में शिक्षा ग्रहण ना करके लड़ाई-झगड़ों या प्रेम प्रसंग में उलझ रहे हैं। स्कूल से निकलते ही कान पर मोबाइल लगाकर चलते रहते हैं। किसी बड़े-छोटे की परवाह नहीं करते। मनीमाजरा और आसपास के बच्चों का बहुत बुरा हाल है। ये बच्चे स्कूलों से निकलते ही लड़ाई-झगडे में लिप्त हो जाते हैं। सभी खड़े होकर तमाशा देखते रहते हैं।
बस स्टैंड मनीमाजरा के पास वाले हाई स्कूल के बाहर रोज लड़ाई-झगड़े होते हैं। इसका सबसे बड़ा कारण है, स्कूल के बाहर पीसीए वैन का ना होना। स्कूल छुट्टी टाइम पर पुलिस की पैट्रोलिंग न होने से बाहर के युवक स्कूल के बाहर गेड़ी मारते है। यह स्कूली छात्राओं में लड़ाई-झगड़ों का कारण बन रही है। पिछले दिनों ऐसा ही वाकया सेक्टर-31 और 4, मौली जागरां, रायपुरा कला गांव में हुआ, जहां बच्चों ने एक-दूसरे को चाकू से हमला कर दिया था। इस सप्ताह रायपुरा कला गांव में तो 12वीं के छात्र ने अपने दोस्तों को छुट्टी के टाइम पर बुलाकर कक्षा 10 के छात्र के साथ बुरी तरह मारपीट करके सिर फोड़ दिया था।
राजकुमार सैनी का कहना है कि स्कूल के अध्यापकों को इस और ध्यान देने की जरूरत है ताकि किसी बच्चे का भविष्य अंधकार में ना पड़े।


























