जिला तरनतारन के गांव अलीपुर में ठंड से बचाव के लिए जलाई गई अंगीठी एक परिवार के लिए काल बन गई। बंद कमरे में सो रहे पति-पत्नी और उनके दो माह के मासूम बेटे की दम घुटने से मौत हो गई जबकि एक अन्य युवक गंभीर हालत में अस्पताल में उपचाराधीन है। घटना से गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
मृतकों की पहचान 21 वर्षीय अर्शदीप सिंह, उनकी 20 वर्षीय पत्नी जशनदीप कौर और दो माह के बेटे गुरबाज सिंह के रूप में हुई है। अर्शदीप सिंह के पिता गुरसाहिब सिंह ने बताया कि बेटा मेहनत-मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता था। दो माह पहले ही पोते का जन्म हुआ था और करीब 20 दिन पहले धामन समारोह आयोजित किया गया था। परिवार अब बच्चे की पहली लोहड़ी मनाने की तैयारी कर रहा था।
शनिवार शाम अर्शदीप काम से घर लौटा। ठंड अधिक होने के कारण उसने लोहे की अंगीठी में कोयले जलाए। परिवार हाथ सेंकता रहा और बातचीत के बाद सभी लोग अंगीठी कमरे में रखकर दरवाजा बंद कर सो गए। कमरे में अर्शदीप, उसकी पत्नी, मासूम बेटा और उसका साला किशन सिंह मौजूद थे।
रविवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे तक जब दरवाजा नहीं खुला तो परिजनों और पड़ोसियों को अनहोनी की आशंका हुई। दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का दृश्य दिल दहला देने वाला था। अर्शदीप, जशनदीप और गुरबाज मृत पड़े थे, जबकि किशन सिंह बेहोशी की हालत में चारपाई पर मिला जिसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया।


























