मैड्रिड2 घंटे पहले
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स्पेन के हालिया इतिहास में इतनी भीषण बाढ़ नहीं आई थी। मौसम वैज्ञानिकों ने जलवायु परिवर्तन को इसकी वजह बताया।
स्पेन में भीषण बाढ़ से कम से कम 158 लोगों की मौत हो गई है। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, बाढ़ का सबसे ज्यादा असर पूर्वी स्पेन के वैलेंशिया शहर पर पड़ा है। यहां अब तक 155 लोगों के मौत की पुष्टि हुई है। लापता लोगों की तलाश जारी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, वैलेंशिया में 29 अक्टूबर को सिर्फ आठ घंटे में 12 इंच बारिश हुई। इतनी बारिश सालभर में होती है। भारी बारिश से अचानक बाढ़ आ गई, जिससे कई लोगों को सुरक्षित जगहों पर जाने का मौका नहीं मिला पाया। वैलेंसिया भूमध्य सागर के तट पर स्थित है। यहां करीब 50 लाख लोग रहते हैं।
स्पेन के हालिया इतिहास में यह पहली बार है, जब इतने लोगों की बाढ़ से मौत हो गई। BBC के मुताबिक, स्पेन में इससे पहले साल 1973 में सबसे बड़ी बाढ़ आई थी। तब 150 लोगों की मौत हुई थी। उससे पहले 1957 में वैलेंसिया शहर में भीषण बाढ़ आई थी, इसमें 81 लोगों की मौत हो गई थी।



स्पेन में कल 3 दिन की इमरजेंसी लगी थी, आज फिर बारिश हो सकती है प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने लोगों को घरों पर रहने की चेतावनी दी है। स्पेन में 3 दिन की इमरजेंसी लगी हुई है। यह शनिवार, 2 नवंबर तक जारी रहेगी। मौसम विभाग ने शुक्रवार को और बारिश की चेतावनी दी है, जिससे हालात और बिगड़ सकते हैं।
बाढ़ से तबाह हुए इलाकों में राहत कार्य के लिए सेना के 1,000 से ज्यादा सैनिकों को तैनात किया गया है। हालांकि, लोगों का कहना है कि उन तक पर्याप्त मदद नहीं पहुंच पा रही।
बाढ़ की वजह से सड़कें टूट गई हैं और कम्युनिकेशन और बिजली लाइनों को नुकसान पहुंचने से अभी कई इलाके शहरों से कटे हुए हैं।
5 तस्वीरों में बाढ़ के बाद की हालत देखिए…

स्पेन के वैलेंशिया में सड़कों पर कीचड़ और कचरा भर गया है।

वैलेंशिया पायपोर्ता इलाके में इस नर्सिंग होम में आई अचानक बाढ़ से 6 लोगों की मौत हो गई।

वैलेंशिया के एक शॉपिंग स्टोर में बाढ़ का पानी घुस गया। सुरक्षित बचे सामानों को छांटती महिला।

वैलेंशिया के एक घर में बारिश का पानी दरवाजे के ऊपर तक भर गया था। पानी निकलने के बाद घर में बालू का ढेर लग गया।

कम समय में हुई भारी वर्षा के कारण टुरिया नदी पर बना बांध टूट गया। इस वजह से और ज्यादा तबाही मची।
इतनी बारिश क्यों हुई मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बाढ़ की वजह ‘कट-ऑफ लो प्रेशर सिस्टम’ था। ठंडी और गर्म हवाओं के मेल से घने बादल बने, जिससे भारी बारिश हुई।
हाल के दिनों दुनिया में कई जगहों पर इस वजह से तेज बारिश और तबाही की घटनाएं हुई हैं। स्पेनी भाषा में इसे डाना इफेक्ट कहा जाता है।
वैज्ञानिकों के मुताबिक, भूमध्य सागर का ज्यादा गर्म होना भी भारी बारिश की वजह बना। इस साल अगस्त में भूमध्य सागर का तापमान 28.47 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो अब तक का सबसे ज्यादा तापमान था।
वहीं BBC के मुताबिक स्पेन में बाढ़ का पिछले 50 साल का रिकॉर्ड टूट गया है। इससे पहले साल 1973 में बाढ़ से 150 लोगों की मौत हुई थी। वैलेंशिया ने 1980 के दशक में भी दो DANA तूफानों का सामना किया था।

स्पेन के वैलेंशिया में बाढ़ के बाद काफी गाड़ियां एक जगह आकर कचरे के ढेर की तरह जमा हो गईं।

बाढ़ की वजह से सड़कों पर कीचड़ भर गया है।
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