श्रीनगर2 मिनट पहले
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इंडियन एयरफोर्स की महिला फ्लाइंग अफसर ने विंग कमांडर पर रेप का आरोप लगाया है। जम्मू-कश्मीर के बड़गाम में मामले को लेकर FIR दर्ज कराई गई है। दोनों अफसर श्रीनगर में ही पोस्टेड हैं। सूत्रों के मुताबिक एयरफोर्स ने बताया कि बड़गाम के पुलिस स्टेशन ने हमें अप्रोच किया है। हम केस में अथॉरिटीज के साथ सहयोग कर रहे हैं। हमें इस केस की जानकारी है।
NDTV की रिपोर्ट के मुताबिक, FIR में महिला अफसर ने कहा कि वह पिछले दो साल से विंग कमांडर के हाथों हैरेसमेंट, सेक्शुअल असॉल्ट और मेंटल टॉर्चर झेल रही है। 31 दिसंबर 2023 को अफसर मेस में हुई न्यू ईयर पार्टी में गिफ्ट देने के बहाने विंग कमांडर उसे अपने कमरे में ले गया और वहां उसके साथ रेप किया।
महिला अफसर की पूरी शिकायत पढ़ें… महिला अफसर बताया कि न्यू ईयर पार्टी में विंग कमांडर ने उससे पूछा कि क्या उसे गिफ्ट मिल गया है। जब उसने कहा कि अभी नहीं मिला, तो विंग कमांडर ने कहा कि गिफ्ट मेरे रूम में है। ऐसा कहकर वह महिला अफसर को अपने कमरे में ले गया। जब महिला अफसर ने पूछा कि आपका परिवार कहां है, तो विंग कमांडर ने बताया कि सभी लोग कहीं गए हैं।
अपने कमरे में विंग कमांडर ने उसे ओरल सेक्स करने के लिए मजबूर किया और उसका रेप किया। महिला अफसर ने कहा- मैंने उन्हें बार-बार रुकने के लिए कहा और खुद को बचाने की पूरी कोशिश की। आखिरकार मैंने उन्हें धक्का दिया और वहां से भाग गई। विंग कमांडर ने मुझसे कहा कि वे मुझसे शुक्रवार को मिलेंगे जब उनकी फैमिली चली जाएगी।
महिला अफसर ने कहा कि मुझे ये समझ पाने में कुछ वक्त लगा कि मेरे साथ क्या हुआ है। मैं डरी हुई थी और मुझे समझ नहीं आ रहा था कि मैं क्या करूं। क्योंकि ऐसे कुछ मामले पहले भी हुए थे, जब मुझे शिकायत दर्ज कराने से रोका गया था। इस घटना के बाद विंग कमांडर मेरे ऑफिस आए। उन्होंने ऐसे बर्ताव किया, जैसे कुछ हुआ ही नहीं है। उनकी आंखों में कोई पछतावा नहीं था।
विक्टिम ने कहा कि इसके बाद मैंने दो महिला अफसरों को इस घटना के बारे में बताया। उन्होंने मुझे शिकायत दर्ज कराने में मदद की। मैं बता नहीं सकती हूं कि एक फौज में आने वाली अविवाहित लड़की होने के नाते, जिस तरीके से मुझे ट्रीट किया गया उससे मुझे कितनी मानसिक त्रासदी हुई है।
महिला अफसर बोली- विंग कमांडर के साथ ही बैठाकर मेरा बयान दर्ज कराया गया महिला अफसर ने कहा कि इस शिकायत के बाद कर्नल रैंक के अधिकारी ने मामले में जांच के आदेश दिए। इस साल जनवरी में दो बार मुझे और विंग कमांडर को बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया गया। मैंने आपत्ति जताई कि मैं विंग कमांडर की मौजूदगी में अपना बयान नहीं दर्ज कराऊंगी। इसके बाद एडमिनिस्ट्रेशन की गलती छिपाने के लिए जांच ही बंद कर दी गई।
उन्होंने बताया कि इसके बाद मैंने इंटरनल कमेटी के पास नई एप्लिकेशन फाइल की। इस कमेटी ने दो महीने बाद मुझसे मुलाकात की। सेक्शुअल ऑफेंडर की मदद करने के लिए जिस तरीके से स्टेशन अथॉरिटीज ने काम किया है, वह मेरे लिए दुखद रहा है। मेरा मेडिकल चेकअप भी तब हुआ जब मैंने कई बार इसके लिए जिद की।
एयरफोर्स की जांच कमेटी पर महिला अफसर के आरोप
- इंटरनल कमेटी ने अपना काम ठीक से नहीं किया क्योंकि जांच के नतीजों को न्यूट्रल रखने के लिए ऊपर से आदेश थे। सभी लोग आरोपी की मदद कर रहे थे।
- मैंने अंतरिम राहत की मांग की और कई बार छुट्टी मांगी लेकिन हर बार मुझे मना कर दिया गया। मुझे या विंग कमांडर को दूसरी जगह पोस्टिंग देने की मेरी मांग पर भी ध्यान नहीं दिया गया।
- मुझे इन लोगों के साथ घुलने-मिलने और मेरा शोषण करने वाले के साथ इवेंट अटेंड करने को मजबूर किया जाता है। अथॉरिटीज के हाथों मुझे रोजाना परेशान किया जा रहा है।
- इंटरनल कमेटी ने कहा कि यह नहीं का जा सकता कि यह घटना हुई है या नहीं क्योंकि कोई गवाह नहीं है और मई में जांच बंद कर दी। क्या ये कॉमन सेंस नहीं है कि कोई व्यक्ति किसी गवाह के सामने यौनइ उत्पीड़न नहीं करेगा?
- मुझे लगातार मेंटली हैरेस और सोशल बॉयकॉट किया जा रहा है। मेरे पर्सनल कम्युनिकेशन पर भी अनॉफिशयल तरीके से नजर रखी जा रही है। जिन लोगों से मैं बात करती हूं, उन्हें भी अथॉरिटीज परेशान कर रही हैं।



























